कोंडागांव, 18 अप्रैल 2026। ग्राम मथनीबेड़ा में महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए “अस्मिता परियोजना” का शुभारंभ किया गया। बस्तर विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष एवं स्थानीय विधायक लता उसेंडी ने शुक्रवार शाम इस महत्वाकांक्षी योजना की शुरुआत की। कार्यक्रम में कलेक्टर नूपुर राशि पन्ना, जिला पंचायत अध्यक्ष रीता शोरी सहित कई जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी मौजूद रहे।

विधायक लता उसेंडी ने कहा कि इस परियोजना का उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को केवल लाभार्थी नहीं, बल्कि सफल उद्यमी बनाना है। इसके तहत महिलाओं को व्यक्तिगत पोल्ट्री शेड उपलब्ध कराकर उन्हें स्थायी स्वरोजगार से जोड़ा जाएगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि गांव में जल्द ही पक्की सड़क और अन्य मूलभूत सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी।
कलेक्टर नूपुर राशि पन्ना ने बताया कि “अस्मिता परियोजना” के तहत मथनीबेड़ा को पायलट गांव के रूप में चुना गया है। पहले चरण में 7 महिला हितग्राहियों का चयन किया गया है, जिन्हें प्रशिक्षण और आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे। आगे चलकर अधिक महिलाओं को इस योजना से जोड़ा जाएगा।

यह परियोजना त्रिपक्षीय मॉडल पर आधारित है, जिसमें जिला प्रशासन मार्गदर्शन देगा, महिलाएं संचालन करेंगी और एबिस फूड एंड प्रोटीन्स तकनीकी सहयोग एवं बाजार उपलब्ध कराएगी। योजना के तहत महिलाओं को वैज्ञानिक प्रशिक्षण और फील्ड सपोर्ट मिलेगा, जिससे उत्पादन बढ़ेगा और जोखिम कम होगा।
परियोजना का लक्ष्य प्रत्येक महिला को सालाना करीब 1.5 लाख रुपये की आय दिलाना है, जबकि मासिक आय 12-13 हजार रुपये तक पहुंचने की संभावना है। साथ ही यह पहल स्थानीय स्तर पर पोषण सुधार और प्रोटीन उपलब्धता बढ़ाने में भी मददगार साबित होगी। भविष्य में इसमें सूकर पालन और मछली पालन को भी शामिल किया जाएगा।
